कुल पेज दृश्य

गुरुवार, 21 अप्रैल 2016

HORI KAHIN21/4/16

होरी कहिन 

---------

१-- 

घर घर टीवी सीरियल ,खड़ी करें दीवार ।

घर वालों से है नहीं , बस इनसे ही प्यार ।।

बस इनसे ही प्यार , कहानी कैसी कैसी ?

घर घर यही सीरियल करते, ऐसी तैसी ।।

आदर ,स्नेह ,प्यार घर के ,सब गये बिखर।

होरी  इन्हीं  सीरियल से ,पीड़ित घर घर ।।

००००००००००००००००००००००००००००००

२--

हिन्दू  होना   नर्क  है , पाक   बांग्लादेश ।

अल्पसंख्यकों के लिये ,कैसा है  संदेश।।

कैसा है संदेश ,कहो  भारत क्या करता ?

अल्पसंख्यकों हेतु चुप ,क्यों भारत रहता ।।

भारत  पाक  वार्ता  में  ,यह बिन्दु  उठाओ ।

अल्पसंख्यकों हेतु,अरे कुछ सबक़ सिखाओ।।

०००००००००००००००००००००००००००००

राजकुमार सचान होरी 

www.horionline.blogspot.com




Sent from my iPad

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें